काचे ही बांस के बहंगिया
काच्चे ही बांस के बहंगिया, बहंगी लचकत जाए
होए ना बलम जी कहरिया, बहंगी घाटे पहुंचाए
कांच ही बांस के बहंगिया, बहंगी लचकत जाए
बाट जे पूछे ना बटोहिया, बहंगी केकरा के जाय,
तू तो आंध्र होवे रे बटोहिया, बहंगी छठ मैया के जाए,
वह रे जे बाड़ी छठी मैया ,बहंगी उनका के जाए,
कांच ही बांस के बहंगिया बहंगी लचकत जाए,
होए ना देवर जी कहरिया , बहंगी घाटे पहुंचाई ,
वह रे जो बाड़ी छठी मैया बहंगी उनका के जाए ,
बाटे जे पूछे ना बटोहिया बहंगी केकरा के जाय,
तू तो आन्हर होय रे बटोहिया बहंगी छठ मैया के जाए ,
वह रे जय भइली छठी मैया , बहंगी उनका के जाए,
निहित शब्द सरल रूप में – काच्चे बांस – कच्चा बांस।
बहंगिया – कांवर लचकत – झूलता। कहरिया – कहार (जाति ) |
घाटे – घाट ( नदी तालाब का किनारा ) |
बटोहिया – राहगीर। बाड़ी – है। आन्हर – अन्धा ( नेत्रहीन )

केलवा के पात पर उगे लन सुरुजमल
केलवा के पात पर उगे लन सुरुजमल
केलवा के पात पर उगे लन सुरुजमल झांके – झुके।
के करेलू छठ बरतिया से झांके – झुके।
हम तोहसे पूछी बरतिया ए बरतिया के केकरा लागी,
के करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी।
हमरो जे बेटवा तोहन अइसन बेटावा से उनके लागी।
से करेली छठ बरतिया से उनके लागी।
अमरूदिया के पात पर उगे लन सुरुजमल झाके – झुके।
के करेलू छठ बरतिया से झाके – झुके।
हम तोहसे पूछी बरतिया ए बरतिया के केकरा लागी।
के करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी।
हमरो जे स्वामी तोहन अइसन स्वामी से उनके लागी।
से करेली छठ बरतिया के उनके लागी।
नारियर के पात पर उगे लन सुरुजमल झाके – झुके।
के करेली छठ बरतिया से झांके – झुके।
हम तोहसे पूछी बरतिया ए बरतिया से केकरा लागी।
के करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी।
हमरो जे बेटी तोहन बेटिया से उनके लागी।
से करेली छठ बरतिया से उनके लागी।

मारबो रे सुगवा
ऊ जे केरवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥
ऊ जे नारियर जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥
अमरुदवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥
शरीफवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥
ऊ जे सेववा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥
सभे फलवा जे फरेला खबद से, ओह पर सुगा मेड़राए।
मारबो रे सुगवा धनुख से, सुगा गिरे मुरझाए।
ऊ जे सुगनी जे रोएली वियोग से, आदित होई ना सहाय॥

पहिले पहिल हम पहिले पहिल हम कईनी, छठी मईया व्रत तोहार। करिहा क्षमा छठी मईया, भूल-चूक गलती हमार। सब के बलकवा के दिहा, छठी मईया ममता-दुलार। पिया के सनईहा बनईहा, मईया दिहा सुख-सार। नारियल-केरवा घोउदवा, साजल नदिया किनार। सुनिहा अरज छठी मईया, बढ़े कुल-परिवार। घाट सजेवली मनोहर, मईया तोरा भगती अपार। लिहिएं अरग हे मईया, दिहीं आशीष हजार। पहिले पहिल हम कईनी, छठी मईया व्रत तोहर। करिहा क्षमा छठी मईया, भूल-चूक गलती हमार।
आठ ही के काठ के कोठरिया
आठ ही के काठ के कोठरिया हो दीनानाथ , रूपे छा~ने लागल केवाड़।
आठ ही के काठ के कोठरिया हो दीनानाथ , रूपे छा~ने लागल केवाड़।
ताहि ऊपर चढ़ी सुतले हो दीनानाथ बांझी केवडूवा धइले ठाड़।
ताहि ऊपर चढ़ी सुतले हो दीनानाथ बांझी केवडूवा धइले ठाड़।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
पुत्र संकट पडल , मोरा हो दीनानाथ ओहिला केवडूवा धईले ठाड़।
पुत्र संकट पडल , मोरा हो दीनानाथ ओहिला केवडूवा धईले ठाड़।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
नैना संकट पड़ल मोरा हो दीनानाथ ओहिला केवडुआ धईले ठाड़।
नैना संकट पड़ल मोरा हो दीनानाथ ओहिला केवडुआ धईले ठाड़।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
चदर उघारी जब देखले हो दीनानाथ , कौन संकट पडल तोहार।
काया संकट पडल मोरा हो दीनानाथ ,ओहिला केवडुआ धईले ठाड़।
काया संकट पडल मोरा हो दीनानाथ ,ओहिला केवडुआ धईले ठाड़।
बांझीनी के पुत्र जब , दिहले दीनानाथ खेलत-कुदत घर जात।
बांझीनी के पुत्र जब , दिहले दीनानाथ खेलत-कुदत घर जात।
अन्हरा के आंख दिहले कोढ़िया के कायावा हसत बोलत घर जात।
अन्हरा के आंख दिहले कोढ़िया के कायावा हसत बोलत घर जात।

सोना सट कुनिया हो दीनानाथ
सोना सट कुनिया, हो दीनानाथ
हे घूमइछा संसार, हे घूमइछा संसार
सोना सट कुनिया, हो दीनानाथ
हे घूमइछा संसार, हे घूमइछा संसार
आन दिन उगइछ हो दीनानाथ
आहे भोर भिनसार, आहे भोर भिनसार
आजू के दिनवा हो दीनानाथ
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर
बाट में भेटिए गेल गे अबला
एकटा अन्हरा पुरुष, एकटा अन्हरा पुरुष
अंखिया दियेते गे अबला
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर
बाट में भेटिए गेल गे अबला
एकटा बाझिनिया, एकटा बाझिनिया
बालक दियत गेल गे अबला
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर। ।

उगहे सूरज देव भेल भिनसरवा
उगहे सूरज देव भेल भिनसरवा
बड़की पुकारे देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो। ।१
बाझिन पुकारें देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो
अन्हरा पुकारे देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो। । २
निर्धन पुकारे देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो
कोढ़िया पुकारे देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो। । ३
लंगड़ा पुकारे देव दुनु कर जोरवा
अरघ के रे बेरवा हो पूजन के रे बेरवा हो
उगह हे सूरज देव भेल भिनसरवा
निहित शब्द सरल रूप में – उगहे सूरज देव – हे सूर्यदेव आप उदय हो।
भेल भिनसरवा – सुबह हो गया है। अरघ के रे बेरवा – अर्घ देने का समय है।
दुनु कर जोरवा – दोनों हाथ जोड़कर।
भोरवे में नदिया नहाईला आदित मनाईला हो
भोरवे में नदिया नहाईला आदित मनाईला हो
बाबा फूलवा अक्षतवा चढ़ाईला सब गुण गाईला हो
(बाबा फूलवा अक्षतवा चढ़ाईला सब गुण गाईला हो)
अस धरवाईब सईया अन्हरिया से बोझिल हो
बाबा अँगने में मांगीला अंजोर ई मथवा नवाईला हो
(बाबा अँगने में मांगीला अंजोर ई मथवा नवाईला हो)
गजमोती चउका पुराईला अंचरा बिछाईला हो
बाबा अँगने में फूलवा तs लागेला फलवा न खाईला हो
(बाबा अँगने में फूलवा तs लागेला फलवा न खाईला हो)
ताना देके कहेले गोतीनिया ई बाँझ बा बहिनिया नु हो
बाबा सुनी सुनी बोलिया गोतीनिया मो लोरवा बहाईला हो
(बाबा सुनी सुनी बोलिया गोतीनिया मो लोरवा बहाईला हो)
चुप रहु धीर करूँ दुखिया ना सुन रही कोखिया नु हो
बस आजु के नव ये महिनावा होरिला मुस्काईला हो
(बस आजु के नव ये महिनावा होरिला मुस्काईला हो)
बाबा फूलवा अक्षतवा चढ़ाईला सब गुण गाईला हो
(बाबा फूलवा अक्षतवा चढ़ाईला सब गुण गाईला हो)

रूनकी झुनूकी बेटी मॉंगीला तोहसे
भक्ति जगाई माई कइनी परबिया
भक्ति जगाई माई कइनी परबिया हो
पड़ तानी पइया तोहार हे छठि मईया
ललसा पूराई द हमारा
हे छठि मइया ललसा पुराई द हमार
मॉंगू -मॉंगू तिवई क कवन फल मॉंगेलू
मॉंग-मॉंग तिवई क कवन फल माँगेलू
जो तोहरा हृदय समाय हे तीवा हीरी
जो तोरा मन में बिचाये हे तीवा हीरी
जो तोरा मन में बिचाये।
घोड़वा चढ़लन लागी बेटा जे मॉंगीलीइ
घोड़वा चढ़लन लागी बेटा जे मॉंगीलीइ
मॉंगततानी लक्ष्मी पतोह हे छठि मईया
ललसा पूराई द हमार हे छठि मईया
ललसा पूरईह हमारा
चारी पहर राती जलथल सेवलू
सेवलू चरनिया हमारा
हे तीवाहीरी मॉंगू जे मन में विचाय
मॉंगू जे मन में विचाय।
रूनकी झुनूकी बेटी मॉंगीला तोहसे
रूनकी झुनूकी बेटी मॉंगीला तोहसे
पढ़ल पंडितवा दामाद हे छठि मइया
ललसा पुराई द हमार हे छठि मईया
ललसा पूराई द हमार
मॉंगू-मॉंगू तिवई क कवन फल मॉेगेलू
मॉंगू-मॉंगू तिवई क कवन फल मॉेगेलू
जो तोहरा हृदय समाय हे तीवाहीरी
जो तोहरा मन में विचाय हे तीवाहीरी
जो तोहरा मन में विचाय हे तीवाहीरी
मॉंगी बलमूआ के लामी उमरिया
मॉंगी बलमूआ के लामी उमरिया हो
युग युग मॉंगी एहवात हे छठी मईया
चमके इ सोलहो श्रृंगार हे छठि मईया
चमके इ सोलहो श्रृंगार इे छठि मईया
चारी पहर राती जलथल सेवलू
चारी पहर राती जलथल सेवलू
सेवलू चरनिया हमारा हे तीवाहीरी
जुग जुग रहे एहवात हे तीवाहीरी
जुग जुग रहे एहवात हे तीवाहीरी
जुग जुग रहे एहवात हे तीवाहीरी
इन्हें भी देखें

maakamakhya.org.in Maa Kamakhya Dham





