अखंड गहमरी सनातन धर्म में पूजा-पाठ केवल कुछ सामग्री एकत्र करके उन्हें किसी स्थान पर रख देने का नाम नहीं है, बल्कि प्रत्येक वस्तु के साथ जुड़ी धार्मिक मान्यता, प्रतीकात्मक अर्थ और पूजा-विधान का अपना महत्त्व है। पूजा में स्थापित किया जाने वाला कलश भी इसी परंपरा का महत्त्वपूर्ण अंग है। चाहे नवरात्रि में घटस्थापना हो, गृह प्रवेश, विवाह, सत्यनारायण …
Read More »सनातन धर्म
गर्भगृह प्रवेश द्वार और सम्मुख दर्शन का महत्व
आप संसार के किसी मंदिर में जाएँ, वहाँ गर्भगृह में आपको एक प्रवेश द्वार मिलेगा, जो गर्भगृह की ऊँचाई कितनी भी हो, प्रवेश द्वार हमेशा छोटा ही रहेगा, व्यक्ति को झुककर जाना होगा। और अधिकांश मंदिरों में प्रवेश द्वार देवी-देवता के सामने ही होगा। कभी आपने सोचा है कि मंदिर की वास्तुकला बदल जाती है, मंदिर का नक्शा बदल जाता …
Read More »कहावत घाघ की
पुराने समय में जब आधुनिक तकनीकों का प्रचलन नहीं था, उस समय मौसम आधारित भविष्यवाणियां सटीक होती थीं, जो अनुभवी लोगों द्वारा समय-समय पर की जाती थीं। ऐसे ही अनुभवी कवियों में माने जाते हैं, अकबर के समय के महाकवि घाघ। इनकी जन्मभूमि कन्नौज के पास चौधरी सराय नामक ग्राम बताई जाती है। कहा जाता है अकबर ने प्रसन्न होकर …
Read More »ऋषि, मुनि, साधु और संन्यासी में अंतर
भारत में प्राचीन काल से ही ऋषि मुनियों का बहुत महत्त्व रहा है। ऋषि मुनि समाज के पथ प्रदर्शक माने जाते थे और वे अपने ज्ञान और साधना से हमेशा ही लोगों और समाज का कल्याण करते आये हैं। आज भी वनों में या किसी तीर्थ स्थल पर हमें कई साधु देखने को मिल जाते हैं। धर्म कर्म में हमेशा …
Read More »ठेकुआ, चावल के लड्डू व कचवनिया ऐसे बनायें।
महापर्व डाला छठ में प्रसाद के रूप में कई व्यंजन खुद बनाने पड़ते हैं, जिनके बनाने की संम्पूर्ण विधि हम यहॉं प्रस्तुत कर रहे हैं, वह भी आसान भाषा में। आवश्यक सामाग्री -: ठेकुआ बनाने के लिए आवश्यक सामाग्री की मात्रा आपको कितना बनाना है उस पर निर्भर करता है। ठेकुआ बनाने में आटे की मात्रा का आधा चीनी या …
Read More »छठ पूजन के पूजन सामाग्री एवं अन्य
पर्व के विभिन्न अवसरो पर प्रयोग होने वालो गेहूँ धुलाई के लिए आवश्यकता अनुसार अच्छी तरह से बिना हुआ गेहूँ, धोने के लिए शुद्व पानी, सुखाने के लिए एक स्वस्छ चादर, गेहूँ सुखाते समय ध्यान रखें उसे मानव तो मानव पशु-पक्षी भी जूठा मत करें। गूेहूँ सूख जाने के बाद उसे साफ हुई मशीन में पिसायें। लौका भात के दिन …
Read More »पंचोपचार पूजन विधि
संक्षिप्त विधि या पंचोपचार पूजन-: इस पूजन विधि मेँ पाँच मुख्य उपचार (कर्तव्य) हैं।सबसे पहले भगवान को आसान देते हुए भक्ति भाव एवं मंत्रो द्वारा भगवान का ध्यान किया जाता है। आवाहृन करें, स्नान करा कर वस्त्र अर्पित करें-: आवाहन का अर्थ है पास लाना। जिस देवता की पूजा की जा रही है उससे निवेदन किया जाता है कि वे …
Read More »छप्पन भोग क्या है तस्वीर सहित जानें
शास्त्रों के अनुसार छप्पन भोग में भगवान कृष्ण के पसंदीदा व्यंजन शामिल किये जाते हैं और आमतौर पर अनाज, फल, सूखे मेवे, मिठाइयां, पेय, नमकीन और अचार शामिल हैं. इसमें 16 प्रकार के नमकीन, 20 प्रकार की मिठाइयां और 20 प्रकार के सूखे मेवे प्रदान किये जाते हैं. छप्पन भोग में सभी व्यंजनों को पारंपरिक रूप से एक विशेष क्रम …
Read More »षोडशोपचार पूजन विधि
सनातन पूजन विधि में षोडशेपचार पूजन विधि सामान्य मानव के लिए सर्वोतम पूजन विधि है। इस विधि के द्वारा बहुत सी पूजा स्वंय सम्पन्न कर सकते है। प्रतिदिन घरो में होने वाली पंचोपचार पूजन विधि से विभिन्न यह पूजन विधि त्यौहारो पर अधिक प्रयोग में लाइ जाती है। 01ध्यान-आवाहनसबसे पहले भक्ति भाव एवं मंत्रो द्वारा भगवान का ध्यान किया जाता …
Read More »
maakamakhya.org.in Maa Kamakhya Dham